उत्तराखंड

पीरपुरा संपर्क मार्ग बना ‘मौत का शॉर्टकट,,

पीरपुरा संपर्क मार्ग बना ‘मौत का शॉर्टकट,,

उत्तराखंड ,,सच्ची घटना 24

पंडित,,, जावेद साबिर कलियर 

———————————————————-

पिरान कलियर,,  मंगलौर से विकास की मुख्यधारा से जुड़ने वाला पीरपुरा संपर्क मार्ग इन दिनों बदहाली के आंसू रो रहा है। दिल्ली-देहरादून राष्ट्रीय राजमार्ग से ग्राम पीरपुरा को जोड़ने वाली यह सड़क भारी वाहनों के ‘शॉर्टकट’ प्रेम की बलि चढ़ गई है। महज एक किलोमीटर का फासला और चंद मिनट बचाने के चक्कर में ट्रक और बस चालकों ने इस ग्रामीण लाइफलाइन को गड्ढों के जाल में तब्दील कर दिया है।खस्ताहाल सड़क,जोखिम में जान सड़क की हालत इस कदर खराब हो चुकी है कि इंटरलॉकिंग टाइल्स का नामोनिशान मिट गया है।जगह-जगह एक से दो फीट गहरे गड्ढे बन गए हैं, जो आए दिन हादसों को न्योता दे रहे हैं।ग्रामीणों का कहना है कि रात के अंधेरे में ये गड्ढे जानलेवा साबित हो रहे हैं।नियम ताक पर, प्रशासन मौन नियमों के मुताबिक,हरिद्वार की ओर से आने वाले वाहनों को अब्दुल कलाम चौक से घूमकर आना चाहिए। लेकिन दूरी बचाने के लिए भारी वाहन इसी संकरे मार्ग का इस्तेमाल कर रहे हैं। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि मोहम्मद इंतजार का कहना है कि हमने कई बार ज्वाइंट मजिस्ट्रेट को इस जर्जर हालत से अवगत कराया है,लेकिन स्थिति जस की तस बनी हुई है। प्रशासन की चुप्पी ग्रामीणों पर भारी पड़ रही है।चौड़ीकरण अनिवार्य: वर्तमान ट्रैफिक दबाव को देखते हुए सड़क को चौड़ा किया जाए।HRDA मानकों का पालन: सड़क का पुनर्निर्माण हरिद्वार रुड़की विकास प्राधिकरण के मानकों के अनुसार हो।भारी वाहनों पर रोक: घनी आबादी और कालोनियों को जोड़ने वाले इस मार्ग पर भारी वाहनों के प्रवेश पर तत्काल प्रतिबंध लगे।ग्रामीण तनवीर अहमद, शाहिद अहमद और शमीम एडवोकेट ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही सड़क की स्थिति नहीं सुधरी, तो ग्रामीण उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!